नई दिल्ली। दिल्ली पुलिस ने एक बड़े एनकाउंटर को अंजाम देते हुए 2 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपी दिल्ली के आयानगर में हुई अंधाधुंध फायरिंग के मामले से जुड़े हुए थे, जिसमें 69 गोलियां चलाई गईं थीं। मुठभेड़ द्वारका इलाके में हुई है। दोनों के पैरों में गोली लगी है।
ये एनकाउंटर आया नगर के उस मामले से जुड़ा हुआ है, जिसमें बदमाशों ने 55 साल के शख्स की गोली मारकर हत्या कर दी थी। मामला आपसी रंजिश का था, जिसमें कार सवार बदमाशों ने डेयरी पर दूध निकालने जा रहे रतन लोहिया (55) की गोली मारकर हत्या कर दी थी।
पिछले दो साल से दोनों पक्षों में चल रहा विवाद
न्यू ईयर पर हुई गोलीबारी की घटना में आरोपियों ने करीब 69 राउंड फायरिंग की थी। गोलियों से छलनी रतन की मौके पर ही मौत हो गई थी। घटना को छह महीने पहले छतरपुर के सीडीआर चौक पर हुए अरुण हत्याकांड से जोड़कर देखा गया था। उस केस में मृतक रतन का बेटा दीपक जेल में बंद है। दोनों पक्षों में करीब दो साल से विवाद चल रहा है।
हत्या का बदला लेने के लिए किया गया मर्डर
पुलिस सूत्रों के मुताबिक छह महीने पहले साकेत कोर्ट से घर लौटते समय रतन के बेटे दीपक ने रामवीर के बेटे अरुण की छतरपुर के सीडीआर चौक पर गोली मारकर हत्या कर दी थी। इस मामले में दीपक जेल में बंद है। परिजनों का कहना था कि अरुण की हत्या का बदला लेने के लिए ही रतन की हत्या की गई।
दो साल से डर के माहौल में जी रहे थे रतन
आया नगर में हुए हत्याकांड की पुलिस जांच में सामने आया था कि यह विवाद प्रॉपर्टी को लेकर दो साल पहले शुरू हुआ था। इसी दौरान अरुण और दीपक के बीच झगड़ा हुआ था। इसमें दीपक को बुरी तरह पीटा गया। मामला कोर्ट में चल रहा था और दीपक गवाही देने जाता था। वहीं अरुण भी कोर्ट की कार्रवाई में शामिल होता था।