डेस्क। पाकिस्तान के पूर्व तेज गेंदबाज मोहम्मद आमिर एक बार फिर अपने बयानों को लेकर चर्चा में हैं. हाल ही में उन्होंने भारत के युवा ओपनर अभिषेक शर्मा को ‘स्लॉगर’ बताया था, और अब उन्होंने टी20 वर्ल्ड कप के सेमीफाइनल को लेकर ऐसी भविष्यवाणी की है, जिससे बहस और तेज हो गई है. सुपर 8 चरण के ग्रुप तय होने के बाद आमिर से पूछा गया कि उनकी नजर में कौन-सी टीमें अंतिम चार में जगह बनाएंगी। इस पर उन्होंने भारत को बाहर रखते हुए दक्षिण अफ्रीका और वेस्टइंडीज को सेमीफाइनल का प्रबल दावेदार बताया. उनके इस चयन से शो के होस्ट समेत कई लोग हैरान रह गए।
आमिर ने अपने फैसले को सही ठहराया
आमिर ने अपने फैसले को सही ठहराते हुए कहा कि पाकिस्तान के खिलाफ मैच को छोड़ दें तो भारतीय बल्लेबाज़ी लाइन-अप बाकी मुकाबलों में प्रभावशाली नहीं रही। उनका मानना है कि दक्षिण अफ्रीका और वेस्टइंडीज मौजूदा फॉर्म में किसी भी टीम को हराने की क्षमता रखते हैं। भारत के ग्रुप में ज़िम्बाब्वे भी शामिल है, लेकिन नियमों के अनुसार केवल शीर्ष दो टीमें ही सेमीफाइनल में पहुंचेंगी।
अभिषेक शर्मा पर आमिर ने की थी टिप्पणी
अभिषेक शर्मा के प्रदर्शन पर बोलते हुए आमिर ने कहा कि उनकी नजर में अभिषेक एक आक्रामक बल्लेबाज़ हैं जो लगभग हर गेंद पर बड़ा शॉट खेलने की कोशिश करते हैं। आमिर के मुताबिक, जिस दिन उनका बल्ला चलता है, वे प्रभावशाली दिखते हैं, लेकिन असफलता की संभावना भी अधिक रहती है. उन्होंने यह भी कहा कि लगातार छोटी पारियां इस बात की ओर इशारा करती हैं कि उनकी तकनीक में सुधार की गुंजाइश है।
अभिषेक के लगातार तीन बार शून्य पर आउट होने के बाद आमिर ने टिप्पणी की कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर गेंदबाज़ उनकी कमजोरियों को और ज्यादा परखेंगे।उन्होंने उदाहरण देते हुए बताया कि अगर गेंदबाज़ ऑफ स्टंप या चौथे स्टंप की लाइन पर गेंदबाजी करें तो बल्लेबाज को निर्णय लेने में मुश्किल हो सकती है। आमिर का मानना है कि जब तक बल्लेबाज़ ऑफसाइड खेल में मजबूती नहीं लाएंगे, तब तक बड़े मंच पर लगातार सफलता पाना मुश्किल होगा।
आमिर ने यह भी कहा कि अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में विरोधी टीमें खिलाड़ियों की कमजोरियों का विश्लेषण करती हैं और उसी के आधार पर रणनीति बनाती हैं। ऐसे में युवा खिलाड़ियों के लिए अपनी तकनीक और शॉट चयन में संतुलन बेहद जरूरी है।इन बयानों के बाद सोशल मीडिया पर क्रिकेट प्रशंसकों के बीच बहस तेज़ हो गई है कुछ लोग आमिर की राय से सहमत हैं, तो कई भारतीय समर्थक इसे अनावश्यक आलोचना मान रहे हैं।