नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज (रविवार को) मन की बात कार्यक्रम के 131वें एपिसोड के जरिए देशवासियों को संबोधित किया। इसमें PM मोदी ने कहा कि ‘मन की बात’ देश और देशवासियों की उपलब्धियों को सामने लाने का एक मजबूत प्लेटफॉर्म है। देश ने ऐसी ही उपलब्धि, अभी दिल्ली में हुई Global Al Impact Summit के दौरान देखी। कई देशों के नेता, उद्योग जगत के लीडर्स, इनोवेटर्स और Start-Up सेक्टर से जुड़े लोग, Al Impact Summit के लिए भारत मंडपम में एकत्र हुए। आने वाले समय में AI की शक्ति का उपयोग दुनिया किस प्रकार करेगी, इस दिशा में यह समिट एक टर्निंग प्वाइंट साबित हुई है।
AI Summit में दुनिया के लीडर हुए प्रभावित
PM मोदी ने कहा, ‘समिट में मुझे World Leaders और Tech CEOs से मिलने का भी अवसर मिला। AI summit की Exhibition में मैंने World Leaders को ढेर सारी चीजें दिखाई। मैं दो बातों का विशेष रूप से उल्लेख करना चाहता हूं। समिट में इन दो प्रोडक्ट्स ने दुनिया भर के लीडर्स को बहुत प्रभावित किया। पहला Product अमूल के Booth पर था। इसमें बताया गया कि कैसे AI जानवरों का इलाज करने में हमारी मदद कर रही है और कैसे 24×7 Al assistance की मदद से किसान अपनी डेयरी और जानवर का हिसाब रखते हैं।
AI के जरिए पढ़ने लायक बन रहीं पांडुलिपियां
उन्होंने आगे कहा, ‘दूसरा Product हमारी संस्कृति से संबंधित था। दुनिया भर के लीडर्स ये देखकर हैरत में पड़ गए कि कैसे AI की मदद से हम हमारे प्राचीन ग्रंथों को, हमारे प्राचीन ज्ञान को, हमारी पांडुलिपियों को संरक्षित कर रहे हैं, आज की Generation के अनुरूप ढ़ाल रहे हैं। Exhibition के दौरान Display के लिए सुश्रुत संहिता का चयन किया गया। पहले स्टेप में दिखाया गया कि कैसे Technology की मदद से हम पांडुलिपियों की Image Quality सुधारकर उन्हें पढ़ने लायक बना रहे हैं। दूसरे स्टेप में इस इमेज को मशीन के पढ़ने लायक टेक्स्ट में बदला गया।’
दूसरी टीम से खेल रहे भारतीय मूल के खिलाड़ियों की तारीफ
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, ‘मैं अक्सर कहता हूं जो खेले-वो खिले, खेल हमें जोड़ता भी है। आजकल आप T-20 World Cup के मैच देख रहे होंगे और मुझे पक्का विश्वास है कि मैच देखते हुए कई बार आंखें किसी खास खिलाड़ी पर टिक जाती होंगी। Jersey किसी और देश की होती है लेकिन नाम सुनकर लगता है कि अरे, ये तो अपने देश का है। तब दिल के किसी कोने में एक हल्की सी खुशी आती है क्योंकि वो खिलाड़ी भारतीय मूल का होता है और वो उस देश के लिए खेल रहा होता है जहां उसका परिवार बस गया है।’
PM मोदी ने किया आलिन शेरिन अब्राहम का जिक्र
उन्होंने आगे कहा, ‘किसी भी माता-पिता के लिए अपने बच्चे को खोने से बड़ा दुख कुछ और हो ही नहीं सकता। छोटे से बच्चे को खोने का दुख तो और भी गहरा होता है। कुछ ही दिन पहले हमने केरल की एक नन्ही मासूम आलिन शेरिन अब्राहम को खो दिया है। महज 10 महीनों में वो इस दुनिया से चली गई। कल्पना कीजिए उसके सामने पूरी जिंदगी थी, जो अचानक खत्म हो गई। कितने ही सपने और खुशियां अधूरी रह गईं। उसके माता-पिता जिस पीड़ा से गुजर रहे होंगे, उसे शब्दों से व्यक्त नहीं किया जा सकता है।
बेटी के अंगदान के लिए की माता-पिता की तारीफ
प्रधानमंत्री ने कहा कि लेकिन इतने गहरे दर्द के बीच भी आलिन के पिता अरुण अब्राहम और मां शेरिन ने एक ऐसा फैसला लिया, जिससे हर देशवासी का हृदय उनके प्रति सम्मान से भर गया है। उन्होंने आलिन के अंगदान का फैसला किया। इस एक फैसले से पता चलता है कि उनकी सोच कितनी बड़ी है और व्यक्तित्व कितना विशाल। एक तरफ वे अपनी बच्ची को खोने के शोक में डूबे थे, तो वहीं दूसरों की मदद का भाव भी उनमें भरा था। वे चाहते थे कि किसी भी परिवार को ऐसा दिन देखना ना पड़े।
साइबर ठगी के प्रति रहें जागरूक
PM मोदी ने कहा, ‘कई बार पता चलता है कि किसी Senior Citizen की जीवनभर की कमाई ठग ली गई। कभी किसी उन पैसों की ठगी हो जाती है, जो उसने बच्चों की फीस जमा करने के लिए बचाए थे। कारोबारियों से धोखाधड़ी की खबरें भी हमें देखने को मिलती हैं। कोई फोन करता है और कहता है कि मैं एक बड़ा अधिकारी हूं। आपको कुछ Details शेयर करनी होगी। इसके बाद भोले-भाले लोग ऐसा ही कर बैठते हैं। इसीलिए, आपका सतर्क रहना, जागरूक रहना बेहद जरूरी है।
समय-समय पर बदलते रहें पासवर्ड
प्रधानमंत्री ने आगे कहा कि OTP, आधार नंबर या बैंक खाते संबंधी जानकारी किसी को भी न दें और सबसे अहम बात, अपने पासवर्ड को समय-समय पर जरूर बदलते रहें। जैसे हर मौसम के साथ खान-पान बदल जाता है, पहनावा भी बदल जाता है, वैसे ही नियम बना लीजिए कि हर कुछ दिन में आपको अपना Password भी बदल लेना है।