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पश्चिम बंगाल चुनाव में अमित शाह ने 170 सीटें जीतने का लक्ष्य रखा, 15 दिनों तक रहेंगे राज्य में, जानें क्या है प्लान

कोलकाता। पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में जीत के लिए बीजेपी ने पूरा जोर लगा दिया है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने इस चुनाव में 170 सीटें जीतने का लक्ष्य रखा है। अमित शाह का कहना है कि दो चरणों. . .

कोलकाता। पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में जीत के लिए बीजेपी ने पूरा जोर लगा दिया है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने इस चुनाव में 170 सीटें जीतने का लक्ष्य रखा है। अमित शाह का कहना है कि दो चरणों में होने वाले चुनावों के दौरान वे 15 दिनों तक राज्य में ही डेरा डालेंगे। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि भवानीपुर में टीएमसी प्रमुख और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की हार से सत्ता में बदलाव की शुरुआत हो जाएगी। बता दें कि पश्चिम बंगाल में 294 विधानसभा सीटें हैं। राज्य में बहुमत का आंकड़ा 148 सीटों का है। ऐसे में बीजेपी को सत्ता में आने के लिए कम से कम 148 सीटें जीतनी पड़ेंगी।

शाह की नजर भवानीपुर सीट पर

अमित शाह की नजर इस बार भवानीपुर सीट पर भी है। विधानसभा में विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी के नामांकन के दौरान आयोजित रैली में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने इस सीट को मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के खिलाफ जनमत संग्रह करार दिया। उन्होंने दावा किया कि भवानीपुर में बीजेपी की जीत राज्य में सत्ता परिवर्तन का रास्ता खोल सकती है। अमित शाह ने रैली को संबोधित करते हुए कहा कि अगर भवानीपुर के लोग बीजेपी को जिताते हैं, तो बंगाल में बदलाव अपने आप हो जाएगा।

एक-एक कर सीटें जीतते हुए 170 के आंकड़े तक पहुंचेगी बीजेपी

अमित शाह ने यह भी कहा कि पार्टी एक-एक कर सीटें जीतते हुए 170 के आंकड़े तक पहुंचेगी और उसके बाद सत्ता परिवर्तन तय है। शाह के इस बयान से साफ है कि बीजेपी इस चुनाव को प्रतिष्ठा की लड़ाई के रूप में देख रही है। भवानीपुर दक्षिण कोलकाता की एक अहम सीट है और इसे ममता बनर्जी का गढ़ माना जाता है। वे 2011 के बाद से यहां से तीन बार विधानसभा पहुंच चुकी हैं। 2021 में नंदीग्राम से हार के बाद भी उन्होंने भवानीपुर उपचुनाव जीतकर विधानसभा में वापसी की थी।

ममता सरकार पर बोला हमला

कानून-व्यवस्था और सुशासन के मुद्दों को केंद्र में रखते हुए शाह ने राज्य सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि कोलकाता, दुर्गापुर और उत्तर बंगाल के लोग रंगदारी, घुसपैठ, हिंसा, बमबाजी, बेरोजगारी और भ्रष्टाचार से परेशान हैं और अब डर से आजादी चाहते हैं। इसके साथ ही शाह ने मतदाताओं को भरोसा दिलाया कि चुनाव आयोग इस बार पर्याप्त केंद्रीय बलों की तैनाती करेगा, जिससे निष्पक्ष मतदान सुनिश्चित हो सके। उन्होंने कहा कि कुछ लोगों को डर है कि उन्हें वोट डालने से रोका जाएगा, लेकिन इस बार कोई भी बाहुबली ऐसा नहीं कर पाएगा।

2021 के नंदीग्राम चुनाव का भी जिक्र किया

शाह ने अपने भाषण में 2021 के नंदीग्राम चुनाव का भी जिक्र किया जहां ममता बनर्जी को सुवेंदु अधिकारी ने 1,965 वोटों से हराया था। हालांकि इस नतीजे को बाद में हाईकोर्ट में चुनौती दी गई थी। इस बार बीजेपी ने अधिकारी को नंदीग्राम और भवानीपुर दोनों सीटों से मैदान में उतारकर मुकाबले को और दिलचस्प बना दिया है।

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