डेस्क। नया साल 2026 विवाह के इच्छुक जोड़ों के लिए ढेरों खुशियां लेकर आ रहा है। ज्योतिषीय गणनाओं के अनुसार, इस वर्ष कुल 55 शुभ विवाह मुहूर्त निकल रहे हैं। वैवाहिक कार्यक्रमों की शुरुआत 4 फरवरी से होगी, जब सूर्य देव तुला राशि में प्रवेश करेंगे। हालांकि, जनवरी का पूरा महीना शुक्र ग्रह के अस्त होने के कारण सूना रहेगा; इस दौरान कोई भी मांगलिक कार्य संपन्न नहीं हो सकेंगे।
नवंबर में सर्वाधिक मुहूर्त, चातुर्मास में रहेगा विराम
साल 2026 में विवाह के लिए सबसे व्यस्त महीना नवंबर रहेगा, जिसमें रिकॉर्ड 11 दिन शहनाई गूंजेगी। इसके विपरीत अगस्त और अक्टूबर के महीनों में ‘चातुर्मास’ लगने के कारण सभी प्रकार के मांगलिक कार्यों पर पूरी तरह विराम रहेगा।
महीनेवार विवाह मुहूर्तों की संख्या:
फरवरी: 05 दिन
मार्च: 04 दिन
अप्रैल: 06 दिन
मई: 07 दिन
जून: 08 दिन
जुलाई: 07 दिन
सितंबर: 01 दिन
नवंबर: 11 दिन
दिसंबर: 06 दिन
विवाह मुहूर्तों की विस्तृत सूची (कैलेंडर 2026)
महीना शुभ विवाह तिथियां
फरवरी 4, 5, 10, 20, 21
मार्च 9, 10, 11, 12
अप्रैल 20, 21, 25, 26, 29, 30
मई 5, 6, 7, 8, 9, 10, 13
जून 19, 20, 22, 23, 24, 26, 27, 29
जुलाई 1, 3, 4, 6, 8, 9, 11
सितंबर 21
नवंबर 2, 3, 10, 11, 12, 13, 21, 22, 24, 25, 26
दिसंबर 2, 3, 4, 5, 11, 12
2026 के सूर्य और चंद्र ग्रहण: भारत पर असर
खगोलीय दृष्टि से साल 2026 काफी महत्वपूर्ण रहने वाला है। इस वर्ष कुल चार ग्रहण लगेंगे, जिनमें दो सूर्य ग्रहण और दो चंद्र ग्रहण शामिल हैं:
17 फरवरी: साल का पहला सूर्य ग्रहण।
3 मार्च: पहला चंद्र ग्रहण (यह भारत में दिखाई देगा और प्रभावी रहेगा)।
12 अगस्त: साल का दूसरा सूर्य ग्रहण।
28 अगस्त: साल का दूसरा चंद्र ग्रहण।
राहत की बात यह है कि इन चार ग्रहणों में से केवल 3 मार्च का चंद्र ग्रहण ही भारत में दृश्यमान होगा, शेष तीन ग्रहणों का भारत में कोई धार्मिक या सूतक प्रभाव नहीं पड़ेगा।