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फ्रांस में हिंसा और कर्फ्यू से बिगड़े हालात, भारतीय नागरिकों के लिए दिल्ली ने जारी की एडवाइजरी; प्रदर्शन वाले इलाकों से दूर रहने की सलाह

नई दिल्ली: फ्रांस में जारी हिंसा, विरोध प्रदर्शनों और कई इलाकों में कर्फ्यू की खबरों के बीच भारत सरकार ने वहां रह रहे और यात्रा कर रहे भारतीय नागरिकों के लिए एडवाइजरी जारी की है। भारतीय दूतावास ने नागरिकों से. . .

नई दिल्ली: फ्रांस में जारी हिंसा, विरोध प्रदर्शनों और कई इलाकों में कर्फ्यू की खबरों के बीच भारत सरकार ने वहां रह रहे और यात्रा कर रहे भारतीय नागरिकों के लिए एडवाइजरी जारी की है। भारतीय दूतावास ने नागरिकों से सतर्क रहने, सुरक्षा संबंधी सावधानियां बरतने और प्रदर्शन वाले इलाकों में जाने से बचने की अपील की है। साथ ही, स्थानीय प्रशासन के निर्देशों का पालन करने और आधिकारिक माध्यमों से ताजा जानकारी लेते रहने की सलाह दी गई है। दूतावास की यह सलाह ऐसे समय आई है, जब फ्रांस में विरोध प्रदर्शनों के दौरान हिंसा, आगजनी, लूटपाट और पुलिस के साथ प्रदर्शनकारियों की झड़पों की खबरें सामने आ रही हैं।

भारतीय दूतावास ने जारी की सुरक्षा एडवाइजरी

फ्रांस स्थित भारतीय दूतावास ने बुधवार को जारी निर्देश में भारतीय नागरिकों को हालात को देखते हुए अतिरिक्त सावधानी बरतने की सलाह दी। एडवाइजरी में कहा गया है कि फ्रांस में हाल की घटनाओं और कुछ क्षेत्रों में कर्फ्यू लागू होने के मद्देनजर नागरिक सतर्क रहें। भारतीयों से अपील की गई है कि वे बड़े जमावड़ों, भीड़भाड़ वाले स्थानों और उन इलाकों से दूर रहें, जहां विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं। किसी भी अप्रिय स्थिति से बचने के लिए स्थानीय अधिकारियों के निर्देशों का पालन करने पर भी जोर दिया गया है।

हिंसा और विरोध प्रदर्शनों से बढ़ी चिंता

फ्रांस में जारी अशांति के दौरान कई स्थानों पर प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच टकराव की खबरें आई हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, कुछ इलाकों में लूटपाट और आगजनी की घटनाएं भी हुई हैं। विरोध प्रदर्शनों का दायरा बढ़ने के साथ सुरक्षा व्यवस्था को लेकर प्रशासन की चिंता भी बढ़ी है। बताया जा रहा है कि शुरुआत में स्कूलों में पर्याप्त धन की कमी और अत्यधिक भीड़ जैसी समस्याओं को लेकर विरोध शुरू हुआ था। बाद में महंगाई, बढ़ती जीवनयापन लागत और सरकारी सेवाओं से जुड़ी चिंताओं ने आंदोलन को व्यापक रूप दे दिया। हालांकि, हिंसा और कर्फ्यू से संबंधित अलग-अलग घटनाओं की मौजूदा स्थिति जानने के लिए स्थानीय प्रशासन की ताजा जानकारी पर भरोसा करना जरूरी है।

पेरिस समेत कई शहरों में सुरक्षा प्रतिबंधों का दावा

रिपोर्ट में दावा किया गया है कि 17 अक्टूबर को प्रदर्शनों के दौरान हिंसा फैलने के बाद पेरिस के कुछ हिस्सों के अलावा लिली, लियोन और नीस जैसे शहरों में कर्फ्यू लगाया गया था। मार्सेई में भी कुछ स्थानों पर सभाओं और विरोध प्रदर्शनों को लेकर प्रतिबंध लगाए जाने की बात कही गई है। इन परिस्थितियों में भारतीय नागरिकों को सलाह दी गई है कि वे यात्रा से पहले अपने गंतव्य की स्थिति की जानकारी लें और जरूरत पड़ने पर अपनी यात्रा की योजना में बदलाव करें।

भारतीय नागरिक कहां से लें ताजा जानकारी?

भारतीय दूतावास ने नागरिकों को फ्रांस के स्थानीय समाचार माध्यमों और फ्रांसीसी सरकार की आधिकारिक वेबसाइट के जरिए घटनाक्रम पर नजर रखने की सलाह दी है।

  • फ्रांसीसी सरकार की वेबसाइट: gouvernement.fr
  • पेरिस में सार्वजनिक परिवहन की जानकारी: RATP

पेरिस क्षेत्र में मेट्रो, बस और अन्य सार्वजनिक परिवहन सेवाओं के संचालन में बदलाव की जानकारी के लिए RATP की वेबसाइट देखी जा सकती है।

किसी आपात स्थिति में भारतीय नागरिक पेरिस स्थित भारतीय दूतावास या मार्सेई स्थित भारत के महावाणिज्य दूतावास से संपर्क कर सकते हैं।

2,400 से अधिक गिरफ्तारियों का दावा

मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, सप्ताहांत के दौरान हुई हिंसा के बाद 2,400 से अधिक लोगों को गिरफ्तार किया गया और करीब 1,000 पुलिसकर्मी घायल हुए। हालांकि, इन आंकड़ों की मौजूदा स्थिति और स्वतंत्र पुष्टि के लिए आधिकारिक स्रोतों की जानकारी देखना आवश्यक है। इस बीच, फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने हिंसा की पुनरावृत्ति रोकने का संकल्प जताया है। देश में आगे भी विरोध प्रदर्शनों की आशंका के बीच सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सतर्कता बढ़ाई जा रही है।

छात्र संगठनों और ट्रेड यूनियनों के प्रदर्शन की तैयारी

रिपोर्ट के अनुसार, फ्रांस के प्रमुख छात्र संगठनों और ‘येलो वेस्ट’ आंदोलन से जुड़े समूहों ने शनिवार को प्रदर्शन करने का आह्वान किया है। येलो वेस्ट आंदोलन 2018 और 2019 में ईंधन की बढ़ती कीमतों के विरोध में बड़े प्रदर्शनों के लिए चर्चा में आया था। इसके अलावा, जीवनयापन की बढ़ती लागत और सरकारी सेवाओं में कटौती के विरोध में ट्रेड यूनियनों की ओर से 5 नवंबर को हड़ताल का आह्वान किए जाने की भी खबर है।

भारतीयों के लिए क्या है जरूरी सलाह?

फ्रांस में रह रहे या वहां जाने की योजना बना रहे भारतीय नागरिकों को स्थानीय हालात की जानकारी लेकर ही बाहर निकलना चाहिए। विरोध प्रदर्शन वाले क्षेत्रों से दूरी बनाए रखना, कर्फ्यू संबंधी निर्देशों का पालन करना और सार्वजनिक परिवहन की स्थिति जांचना बेहद जरूरी है। फिलहाल भारतीय नागरिकों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए दूतावास ने सतर्कता बरतने पर जोर दिया है। फ्रांस में यात्रा करने वालों को सलाह है कि वे किसी भी अफवाह पर भरोसा न करें और सुरक्षा से जुड़ी जानकारी के लिए आधिकारिक सरकारी तथा दूतावास के माध्यमों का इस्तेमाल करें।

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