कोलकाता: पश्चिम बंगाल में दुर्गा पूजा के महापर्व के दौरान राजनीतिक सरगर्मी अपने चरम पर पहुंच गई है। राज्य के राजनीतिक गलियारों में एक तरफ जहां कम्युनिस्टों और नेताओं के बीच जुबानी जंग तेज हो गई है, वहीं दूसरी तरफ पुस्तक स्टालों में तोड़फोड़ और कोलकाता के चोरबागान में हुए दर्दनाक हादसे ने राजनीतिक माहौल को पूरी तरह गरमा दिया है।
“भारत में बांग्लादेश जैसे हालात पैदा करने की साजिश”
पश्चिम बंगाल के प्रमुख राजनीतिक घटनाक्रम में, नेता प्रतिपक्ष शुभेंदु अधिकारी (खबर के संदर्भानुसार) ने सोमवार को एक तीखा बयान देते हुए आरोप लगाया कि कम्युनिस्ट और कुछ अन्य तत्व (जिन्हें उन्होंने ‘कॉकरोच’ की संज्ञा दी) भारत में बांग्लादेश जैसे अशांति और अराजकता के हालात पैदा करने की कोशिश कर रहे हैं। अधिकारी ने लोगों से ऐसी ताकतों का डटकर विरोध करने की अपील की। दुर्गा पूजा पंडालों के पास लगाए गए वामपंथी दलों के पुस्तक स्टालों में कथित तोड़फोड़ को लेकर उपजे विवाद के बीच उनका यह बयान सामने आया है। वामपंथी दलों की आलोचना का सामना करते हुए उन्होंने कम्युनिस्टों पर निशाना साधते हुए कहा कि वे न तो पूजा-पाठ करते हैं, न कलाई पर पवित्र धागा बांधते हैं और न ही माथे पर तिलक लगाते हैं। उन्होंने जनता से ऐसे लोगों और उनकी विचारधारा से सतर्क रहने का आह्वान किया।
वामपंथी दलों का प्रदर्शन और स्टालों में तोड़फोड़ के आरोप
दूसरी ओर, सीपीआई (एम), एसयूसीआई (SUCI) और अन्य वामपंथी दलों ने राज्य सरकार और विरोधी गुटों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। वाम दलों का दावा है कि पश्चिम बंगाल में कई जगहों पर उनके पारंपरिक पुस्तक स्टालों में तोड़फोड़ की गई है।
- प्रभावित इलाके: इन घटनाओं में कूचबिहार जिले के दिनहाटा से लेकर दक्षिण कोलकाता के हरिदेवपुर तक के इलाके शामिल हैं।
- वाम नेताओं की प्रतिक्रिया: वामपंथी नेताओं ने इस कथित तोड़फोड़ को अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और लोकतांत्रिक विचारों पर सीधा हमला करार दिया है। उनका कहना है कि बंगाल की संस्कृति में वैचारिक मतभेदों के बावजूद इस तरह की असहिष्णुता के लिए कोई जगह नहीं होनी चाहिए।
महाअष्टमी पर शुभेंदु अधिकारी का अनुष्ठान और पीएम मोदी की शुभकामनाएं
राजनीतिक गहमागहमी के बीच महाअष्टमी के पावन अवसर पर राजनीतिक दिग्गजों ने धार्मिक अनुष्ठानों में भाग लिया और देशवासियों को शुभकामनाएं दीं:
- शुभेंदु अधिकारी का अनुष्ठान: 19 अक्टूबर को महाअष्टमी के अवसर पर पूर्वी मेदिनीपुर जिले के कांथी स्थित अपने आवास पर शुभेंदु अधिकारी ने पारंपरिक रूप से पुष्पांजलि अर्पित की। इस दौरान उन्होंने खुद को ‘सनातनी’ बताते हुए कहा कि वे हर साल विधि-विधान से पुष्पांजलि अनुष्ठान करते हैं। उन्होंने मां दुर्गा से राज्य और देशवासियों के कल्याण की प्रार्थना की।
- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का संदेश: इसी शुभ अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशवासियों को दुर्गाष्टमी और महानवमी की शुभकामनाएं दीं। पीएम मोदी ने मां दुर्गा के आठवें स्वरूप ‘मां महागौरी’ का स्मरण करते हुए देश के नागरिकों के जीवन में सुख, समृद्धि, सफलता और उत्तम स्वास्थ्य की कामना की।
4 चोरबागान दुर्गा पूजा हादसा: राजनीतिक दलों के बीच घमासान तेज
कोलकाता के चोरबागान इलाके में दुर्गा पूजा के दौरान हुए एक भीषण हादसे में 19 लोगों की दर्दनाक मौत के बाद राज्य में राजनीति पूरी तरह उबाल पर है। इस दुर्घटना ने पंडालों की सुरक्षा व्यवस्था, भीड़ प्रबंधन और प्रशासनिक जिम्मेदारी पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
- तृणमूल कांग्रेस (TMC) का पलटवार: टीएमसी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म फेसबुक पर एक पोस्ट जारी कर दावा किया कि दुर्घटनाग्रस्त पूजा पंडाल का सीधा संबंध भाजपा नेता शुभेंदु अधिकारी के भतीजे से है। इसके साथ ही पार्टी ने यह भी उजागर किया कि संबंधित पूजा समिति के अध्यक्ष एक भाजपा विधायक हैं, और इसके आधार पर उन्होंने विपक्षी खेमे से जवाबदेही तय करने की मांग की है।
- विपक्ष की प्रतिक्रिया: इस दुखद घटना पर सीपीआई (एम) और भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने भी अपनी तीखी प्रतिक्रियाएं दी हैं, जिसके चलते सुरक्षा में चूक और प्रशासनिक लापरवाही को लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है।
इस पूरे घटनाक्रम ने बंगाल के त्योहारों के माहौल को गहरे राजनीतिक संघर्ष में बदल दिया है, जहां एक तरफ आस्था और उत्सव का पर्व चल रहा है, वहीं दूसरी तरफ तीखी बयानबाजी और वार-पलटवार का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है।