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अराजकता खत्म कर लोकतंत्र बचाने का आह्वान! कोलकाता में नितिन नवीन करेंगे मार्च, हैदराबाद में अमित शाह संभालेंगे मोर्चा

विपक्ष के INDIA गठबंधन ने एक दिन पहले दिल्ली में अपनी ताकत दिखाई थी। अब इसके जवाब में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने ‘अराजकता खत्म करो, लोकतंत्र बचाओ’ का नारा देकर सड़कों पर उतरने का फैसला किया है।. . .

नई दिल्ली। विपक्ष के INDIA गठबंधन ने एक दिन पहले दिल्ली में अपनी ताकत दिखाई थी। अब इसके जवाब में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने ‘अराजकता खत्म करो, लोकतंत्र बचाओ’ का नारा देकर सड़कों पर उतरने का फैसला किया है। सोमवार को देश के अलग-अलग हिस्सों में भाजपा की ओर से विरोध मार्च निकाले जाएंगे। इन कार्यक्रमों में पार्टी के कई शीर्ष नेता शामिल होंगे। पश्चिम बंगाल और बिहार में होने वाले मार्च का नेतृत्व भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन करेंगे, जबकि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह हैदराबाद में मार्च की अगुवाई करेंगे। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि रविवार को मतदाता सूची में कथित गड़बड़ी और वोट चोरी का आरोप लगाते हुए मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग के साथ विपक्ष ने भाजपा पर राजनीतिक दबाव बढ़ाया है। इसी के जवाब में भाजपा ने देशव्यापी मार्च का आयोजन किया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमित शाह की रणनीति के तहत किसी एक स्थान पर केंद्रीय कार्यक्रम करने के बजाय अलग-अलग राज्यों में एक साथ राजनीतिक शक्ति प्रदर्शन किया जा रहा है।बिहार भाजपा के आधिकारिक एक्स हैंडल पर दी गई जानकारी के मुताबिक, सोमवार सुबह 11 बजे नितिन नवीन भागलपुर के लाजपत पार्क से सेवाज्योति चौक तक मार्च निकालेंगे। यह मार्च दोपहर करीब 12:30 बजे समाप्त होने की संभावना है। इसके बाद भाजपा अध्यक्ष कोलकाता पहुंचेंगे। कोलकाता में दोपहर 3 बजे कॉलेज स्ट्रीट से मार्च शुरू होगा, जो शाम करीब 5:30 बजे धर्मतल्ला में समाप्त होगा। इस कार्यक्रम में प्रदेश भाजपा के कई वरिष्ठ नेताओं और कार्यकर्ताओं के शामिल होने की उम्मीद है। वहीं, हैदराबाद में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह मार्च का नेतृत्व करेंगे। इस दौरान केंद्रीय कोयला मंत्री जी. किशन रेड्डी समेत भाजपा के अन्य वरिष्ठ नेताओं के भी मौजूद रहने की संभावना है। गौरतलब है कि रविवार को राजधानी दिल्ली के रामलीला मैदान में विपक्षी दलों ने वोट चोरी के मुद्दे पर केंद्र सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया था। लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधते हुए कहा कि देश की जनता उन्हें कहीं भागने नहीं देगी। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री ने जो गलतियां की हैं, उनकी सजा उन्हें जरूर मिलेगी।राहुल गांधी के साथ सुर मिलाते हुए पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने भी केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला। ममता बनर्जी ने एक बार फिर दावा किया कि विधानसभा चुनाव में तृणमूल कांग्रेस हारी नहीं थी, बल्कि भाजपा ने कथित तौर पर वोट चोरी करके पश्चिम बंगाल की सत्ता हासिल की। विपक्ष के इन आरोपों पर भाजपा ने भी पलटवार किया। भाजपा नेता संबित पात्रा ने राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि वह मुगल साम्राज्य के वंशजों की भाषा में बात कर रहे हैं। इसके अलावा, पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की हत्या के बाद हुए सिख विरोधी दंगों की बरसी के दिन विपक्ष की ओर से राजनीतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाने पर भी भाजपा ने कड़ी आपत्ति जताई। रविवार को दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व में राजधानी में मार्च भी निकाला गया। अब भाजपा सोमवार को बिहार, पश्चिम बंगाल और तेलंगाना समेत विभिन्न राज्यों में मार्च के जरिए विपक्ष के आरोपों का जवाब देने और अपने राजनीतिक अभियान को धार देने की कोशिश में जुटी है।

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