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चक्रवात ‘अर्नब’ का कहर : उड़ानें प्रभावित, कोलकाता से विशाखापत्तनम की कई फ्लाइट रद्द; कई ट्रेनें भी बंद

चक्रवात ‘अर्नब’ के प्रभाव से हवाई और रेल यातायात बुरी तरह प्रभावित होने की आशंका है। खराब मौसम के कारण आंध्र प्रदेश के राजामुंद्री, विजयवाड़ा और विशाखापत्तनम हवाई अड्डों पर विमान सेवाएं बाधित हो रही हैं।. . .

कोलकाता: चक्रवात ‘अर्नब’ के प्रभाव से हवाई और रेल यातायात बुरी तरह प्रभावित होने की आशंका है। खराब मौसम के कारण आंध्र प्रदेश के राजामुंद्री, विजयवाड़ा और विशाखापत्तनम हवाई अड्डों पर विमान सेवाएं बाधित हो रही हैं। कोलकाता से विशाखापत्तनम जाने वाली कई उड़ानें रद्द कर दी गई हैं, जबकि कुछ अन्य उड़ानों के समय में बदलाव किया गया है। एयरलाइन इंडिगो ने इस संबंध में यात्रियों के लिए जरूरी सूचना जारी की है और उन्हें हवाई अड्डे के लिए निकलने से पहले अपनी फ्लाइट का ताजा स्टेटस जांचने की सलाह दी है। दूसरी ओर, चक्रवात के कारण रेलवे सेवाओं पर भी असर पड़ा है। कई एक्सप्रेस ट्रेनों को रद्द किए जाने की सूचना दी गई है। आंध्र प्रदेश, ओडिशा और आसपास के क्षेत्रों में तेज हवाओं, भारी बारिश तथा समुद्र में ऊंची लहरों के कारण जनजीवन प्रभावित हो रहा है।

1. चक्रवात के कारण कई शहरों में उड़ान सेवाएं प्रभावित

चक्रवात ‘अर्णब’ के कारण दक्षिण भारत के कई हवाई अड्डों पर विमान परिचालन प्रभावित हुआ है। राजामुंद्री, विजयवाड़ा और विशाखापत्तनम में खराब मौसम को देखते हुए उड़ानों के संचालन में परेशानी की आशंका जताई गई है। इंडिगो की ओर से जारी सूचना के अनुसार, इन क्षेत्रों में मौसम की प्रतिकूल परिस्थितियों के कारण उड़ानों के समय में बदलाव हो सकता है। कुछ उड़ानों को रद्द भी किया गया है। कोलकाता से विशाखापत्तनम के बीच संचालित होने वाली कई उड़ानों को भी रद्द करने की जानकारी सामने आई है। इसके अलावा, कुछ उड़ानों के प्रस्थान समय में देरी हुई है। एयरलाइन ने यात्रियों से अपील की है कि वे बिना फ्लाइट की स्थिति की पुष्टि किए सीधे हवाई अड्डे न पहुंचें। यात्रा से पहले अपनी उड़ान का नवीनतम शेड्यूल जांचना जरूरी है, ताकि एयरपोर्ट पहुंचने के बाद होने वाली असुविधा से बचा जा सके।

2. रेलवे पर भी चक्रवात की मार, कई एक्सप्रेस ट्रेनें रद्द

चक्रवात का असर केवल हवाई सेवाओं तक सीमित नहीं है। रेलवे ने भी खराब मौसम और संभावित परिचालन संबंधी समस्याओं के मद्देनजर कई ट्रेनों को रद्द करने की सूचना दी है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, निम्नलिखित ट्रेनों के परिचालन पर असर पड़ा है:

ट्रेन संख्या और नामरद्द रहने की बताई गई अवधि
18107 राउरकेला–जगदलपुर एक्सप्रेस29 नवंबर से 4 नवंबर तक — तारीखों में विसंगति है, पुष्टि आवश्यक
18108 जगदलपुर–राउरकेला एक्सप्रेस30 अक्टूबर से 5 नवंबर तक
18005 हावड़ा–जगदलपुर एक्सप्रेस30 अक्टूबर तक
18006 जगदलपुर–हावड़ा एक्सप्रेस28 अक्टूबर से 31 अक्टूबर तक
12703 हावड़ा–सिकंदराबाद एक्सप्रेस29 अक्टूबर

यात्रियों के लिए जरूरी सूचना: पहली ट्रेन की रद्द रहने की अवधि में तारीखों का क्रम स्पष्ट नहीं है। यात्रा करने से पहले रेलवे की आधिकारिक सूचना या NTES पर ट्रेन का स्टेटस जरूर जांचें। रद्द होने की अवधि में किसी बदलाव की स्थिति में आधिकारिक अपडेट को प्राथमिकता दें।

3. आंध्र प्रदेश और यानम के तट पर चक्रवात का लैंडफॉल

रिपोर्ट में दी गई जानकारी के मुताबिक, चक्रवात ‘अर्णब’ ने आंध्र प्रदेश और यानम के तटीय क्षेत्र के बीच दस्तक दी। लैंडफॉल की प्रक्रिया रात करीब 1 बजकर 23 मिनट पर शुरू होने की बात कही गई है। रिपोर्ट के अनुसार, तट से टकराने के समय चक्रवात की अधिकतम हवा की गति लगभग 150 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच गई थी। वहीं, कई इलाकों में 125 से 135 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की जानकारी दी गई। चक्रवात के प्रभाव से आंध्र प्रदेश और पुडुचेरी के कुछ क्षेत्रों में भारी बारिश और तेज हवाओं का दौर शुरू हुआ। समुद्र में ऊंची लहरें उठने के कारण तटीय इलाकों में नुकसान की खबरें भी सामने आईं। तेज हवाओं के चलते आंध्र प्रदेश के कई तटीय क्षेत्रों में पेड़ उखड़ गए, बिजली के तार टूट गए और कुछ मकानों को नुकसान पहुंचा। समुद्र तट के आसपास भी तेज लहरों के कारण क्षति होने की जानकारी दी गई है। मौसम विभाग की ओर से दी गई जानकारी के मुताबिक, चक्रवात लगभग 3 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ रहा था। हालांकि, इसकी वर्तमान स्थिति और आगे की दिशा की पुष्टि के लिए नवीनतम मौसम बुलेटिन देखना आवश्यक है।

4. ओडिशा में भारी बारिश का अलर्ट, कई जिलों में तेज हवाओं की चेतावनी

चक्रवात के प्रभाव से ओडिशा के कई जिलों में भी मौसम खराब होने की आशंका जताई गई है। गजपति, गंजाम, रायगढ़ा, कोरापुट, नबरंगपुर और मलकानगिरी समेत कई जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना बताई गई है। इसके साथ ही गरज-चमक के साथ 60 से 80 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की चेतावनी दी गई है। मौसम की गंभीरता को देखते हुए विभिन्न जिलों के लिए अलग-अलग स्तर की चेतावनियां जारी किए जाने की जानकारी दी गई है।

  • पुरी: ऑरेंज अलर्ट की सूचना।
  • सुंदरगढ़ और संबलपुर: खराब मौसम को लेकर चेतावनी।
  • देवगढ़, मयूरभंज और बालासोर: तेज बारिश और हवाओं का खतरा।
  • भद्रक और कटक: मौसम की स्थिति को देखते हुए सतर्कता बरतने की सलाह।

इन परिस्थितियों में स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग की ओर से जारी निर्देशों का पालन करना महत्वपूर्ण है। विशेष रूप से समुद्र तटों और निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को अतिरिक्त सावधानी बरतने की जरूरत है।

5. यात्रियों को क्या सावधानी बरतनी चाहिए?

चक्रवात के कारण उड़ानों और ट्रेनों के समय में अचानक बदलाव हो सकता है। ऐसे में यात्रियों को अपनी यात्रा से पहले कुछ जरूरी बातों का ध्यान रखना चाहिए।

  1. फ्लाइट का स्टेटस जांचें: एयरलाइन की आधिकारिक वेबसाइट या ऐप पर उड़ान की स्थिति और प्रस्थान समय की पुष्टि करें।
  2. ट्रेन की जानकारी लें: यात्रा से पहले NTES या रेलवे की आधिकारिक वेबसाइट पर ट्रेन का नवीनतम स्टेटस देखें।
  3. अनावश्यक यात्रा से बचें: चक्रवात प्रभावित तटीय इलाकों में मौसम खराब होने पर गैर-जरूरी यात्रा टालना बेहतर है।
  4. मौसम संबंधी अलर्ट पर ध्यान दें: स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग के निर्देशों का पालन करें।
  5. बिजली के तारों और उखड़े पेड़ों से दूर रहें: तेज हवाओं के दौरान क्षतिग्रस्त बिजली लाइनों और कमजोर संरचनाओं के आसपास जाने से बचें।

6. आगे क्या होगा?

चक्रवात ‘अर्णब’ के प्रभाव से दक्षिण भारत के तटीय क्षेत्रों में भारी बारिश, तेज हवाओं और समुद्र में ऊंची लहरों का खतरा बना रहने की आशंका जताई गई है। इसका असर हवाई और रेल यातायात पर भी पड़ सकता है। कोलकाता से विशाखापत्तनम जाने वाले यात्रियों सहित राजामुंद्री और विजयवाड़ा की ओर यात्रा करने वालों को विशेष सतर्कता बरतने की आवश्यकता है। रेलवे यात्रियों को भी अपनी ट्रेन के परिचालन की पुष्टि करके ही यात्रा के लिए निकलना चाहिए। महत्वपूर्ण नोट: यहां दी गई जानकारी आपके साझा किए गए समाचार विवरण पर आधारित है। चक्रवात का नाम, लैंडफॉल, हवा की गति, उड़ानों की स्थिति और ट्रेन रद्द होने की तारीखों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं की गई है। विशेष रूप से पहली ट्रेन की तारीखों में विसंगति है। यात्रा संबंधी निर्णय लेने से पहले एयरलाइन, रेलवे और मौसम विभाग की आधिकारिक जानकारी अवश्य जांचें।

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