नई दिल्ली। सरदार वल्लभभाई पटेल की पुण्यतिथि के मौके पर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की ओर से कांग्रेस पर की गई टिप्पणी को लेकर सियासी विवाद खड़ा हो गया है। शाह ने आरोप लगाया था कि कांग्रेस ने लंबे समय तक सरदार पटेल को वह सम्मान नहीं दिया, जिसके वे हकदार थे। अब कांग्रेस नेता सलमान खुर्शीद ने इस बयान पर आपत्ति जताते हुए पलटवार किया है। उन्होंने कहा कि सरदार पटेल जैसे महान नेता के नाम पर इस तरह की राजनीतिक बयानबाजी उनकी छवि को नुकसान पहुंचाती है।
सलमान खुर्शीद ने उठाए बयान की मंशा पर सवाल
कांग्रेस नेता सलमान खुर्शीद ने शनिवार को कहा कि सरदार वल्लभभाई पटेल का देश के निर्माण और इतिहास में योगदान बेहद महत्वपूर्ण रहा है। ऐसे व्यक्तित्व को लेकर इस तरह की टिप्पणियां करना उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि अमित शाह के बयान के पीछे क्या उद्देश्य है, यह समझना मुश्किल है। खुर्शीद के मुताबिक, राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप के कारण सरदार पटेल की ऐतिहासिक छवि प्रभावित नहीं होनी चाहिए। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि देश को उनके योगदान और उपलब्धियों के आधार पर उन्हें याद करना चाहिए।
इंदिरा गांधी को भी किया याद, नेतृत्व की सराहना
इस दौरान सलमान खुर्शीद ने पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी को उनकी पुण्यतिथि पर श्रद्धांजलि भी अर्पित की। उन्होंने देश के प्रति उनके योगदान और नेतृत्व क्षमता की प्रशंसा करते हुए कहा कि इंदिरा गांधी ने भारतीय राजनीति में कई महत्वपूर्ण उदाहरण स्थापित किए। खुर्शीद ने कहा कि इंदिरा गांधी ने अपने कार्यकाल में ऐसे मानदंड बनाए, जिन्हें हासिल करना आज के नेताओं के लिए भी बड़ी चुनौती है। उन्होंने विश्व इतिहास का जिक्र करते हुए कहा कि बहुत कम प्रधानमंत्रियों को किसी नए राष्ट्र की नींव मजबूत करने में इतनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाने का अवसर मिला है। उनके मुताबिक, इंदिरा गांधी के कार्यकाल में लिए गए फैसलों और उनके नेतृत्व का प्रभाव देश की राजनीति और विकास पर लंबे समय तक बना रहा।
अमित शाह ने कांग्रेस पर लगाए थे ये आरोप
दरअसल, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने अपने बयान में कांग्रेस पर सरदार वल्लभभाई पटेल की विरासत को उचित महत्व नहीं देने का आरोप लगाया था। राष्ट्रीय एकता दिवस के अवसर पर देशवासियों को शुभकामनाएं देते हुए शाह ने कहा था कि सरदार पटेल को उनके ऐतिहासिक योगदान के अनुरूप सम्मान देने में कांग्रेस ने लंबे समय तक अनदेखी की। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने सरदार पटेल को राजनीतिक रूप से अलग-थलग रखने और उनकी उपलब्धियों को भुलाने की कोशिश की। शाह ने यह भी कहा कि किसी महान व्यक्तित्व की उपलब्धियों और योगदान को लंबे समय तक छिपाया नहीं जा सकता।
पटेल की विरासत को लेकर फिर आमने-सामने कांग्रेस और भाजपा
अमित शाह के बयान और सलमान खुर्शीद की प्रतिक्रिया के बाद सरदार पटेल की राजनीतिक विरासत को लेकर कांग्रेस और भाजपा के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है। जहां भाजपा कांग्रेस पर सरदार पटेल को पर्याप्त सम्मान नहीं देने का आरोप लगा रही है, वहीं कांग्रेस का कहना है कि ऐतिहासिक नेताओं के योगदान को राजनीतिक विवाद का विषय नहीं बनाया जाना चाहिए। इस बयानबाजी ने एक बार फिर देश के प्रमुख ऐतिहासिक नेताओं की विरासत और उनके सम्मान को लेकर दोनों दलों के बीच राजनीतिक मतभेद सामने ला दिए हैं।