मुर्शिदाबाद: पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद जिले के कर्णसुवर्ण स्थित गोबिंदपुर रेल गेट पर 17 जुलाई को हुए भीषण पुलकार हादसे ने पूरे राज्य को झकझोर दिया। इस दर्दनाक दुर्घटना में चार स्कूली बच्चों सहित कुल पांच लोगों की मौत हो गई, जबकि कई अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए।गुरुवार को पश्चिम बंगाल विधानसभा में विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी पीड़ित परिवारों से मिलने कर्णसुवर्ण पहुंचे। उन्होंने शोकाकुल परिजनों से मुलाकात कर उनका दुख साझा किया, उनकी समस्याएं सुनीं और हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया।
मासूम बच्चों की असमय मौत बेहद दुखद
सभा को संबोधित करते हुए सुवेंदु अधिकारी ने कहा कि मासूम बच्चों की असमय मौत बेहद दुखद है और इस क्षति की भरपाई किसी भी आर्थिक सहायता से नहीं की जा सकती। उन्होंने कहा, “छोटे-छोटे बच्चों की इस तरह हुई मौत ने सभी को झकझोर दिया है। इस दुख को शब्दों में व्यक्त करना कठिन है। एक जनप्रतिनिधि के नाते जो भी संभव होगा, वह सहायता पीड़ित परिवारों तक पहुंचाई जाएगी।”उन्होंने घोषणा की कि हादसे में जान गंवाने वाले प्रत्येक मृतक के परिजनों को पांच लाख रुपये तथा गंभीर रूप से घायल लोगों को एक लाख रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी।
“इस दुख को शब्दों में बयां करना मुश्किल”
सभा को संबोधित करते हुए सुवेंदु अधिकारी ने कहा कि मासूम बच्चों की असमय मौत अत्यंत दुखद है और इस क्षति की भरपाई किसी भी आर्थिक सहायता से नहीं की जा सकती। उन्होंने कहा कि एक जनप्रतिनिधि के नाते पीड़ित परिवारों के साथ खड़ा रहना उनकी जिम्मेदारी है और हरसंभव सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।
मृतकों और घायलों के लिए आर्थिक सहायता
सुवेंदु अधिकारी ने घोषणा की कि हादसे में जान गंवाने वाले प्रत्येक मृतक के परिजनों को 5 लाख रुपये तथा गंभीर रूप से घायल लोगों को 1 लाख रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी।सभा के बाद उन्होंने मुर्शिदाबाद मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल पहुंचकर घायलों का हालचाल जाना। इस दौरान उन्होंने चिकित्सकों से बातचीत कर घायलों के बेहतर उपचार की व्यवस्था सुनिश्चित करने का आग्रह किया।
प्रारंभिक जांच में गेटमैन की लापरवाही की बात
हादसे के कारणों पर बोलते हुए सुवेंदु अधिकारी ने कहा कि उपलब्ध प्रारंभिक जानकारी के अनुसार यह दुर्घटना रेलवे गेट पर तैनात गेटमैन की कथित लापरवाही का परिणाम प्रतीत होती है।
प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, ट्रेन के आने के दौरान रेलवे फाटक खुला रह गया, जिससे एक पुलकार और एक साइकिल रेल लाइन पार करते समय ट्रेन की चपेट में आ गए। घटना के बाद संबंधित गेटमैन को निलंबित कर पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, उस पर ड्यूटी के दौरान नशे की हालत में होने और समय पर फाटक बंद नहीं करने के आरोप लगाए गए हैं। इन आरोपों की जांच संबंधित एजेंसियां कर रही हैं।
“दोषी के खिलाफ होगी कड़ी कार्रवाई”
सुवेंदु अधिकारी ने कहा कि यदि जांच में किसी की लापरवाही या दोष सिद्ध होता है, तो उसके खिलाफ कानून के अनुसार कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि पीड़ित परिवारों को न्याय दिलाने के लिए आवश्यक सभी कानूनी कदम उठाए जाने चाहिए।
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