तेल अवीव/तेहरान/वॉशिंगटन। अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रम्प ने कहा है कि अमेरिका तब तक ईरान के बंदरगाहों पर लगी नाकेबंदी नहीं हटाएगा, जब तक तेहरान के साथ कोई समझौता नहीं हो जाता। ट्रम्प ने सोशल मीडिया पर लिखा कि एक हफ्ते पहले शुरू हुई यह नाकेबंदी ईरान को पूरी तरह तबाह कर रही है। उन्होंने यह भी कहा कि इस संघर्ष में अमेरिका बहुत आगे है।
इसके जवाब में ईरानी संसद के स्पीकर गालिबाफ ने सोशल मीडिया पर लिखा कि ट्रम्प दबाव बनाकर और सीजफायर तोड़कर बातचीत को ऐसी बनाना चाहते हैं, जहां ईरान को झुकना पड़े या फिर दोबारा जंग शुरू करने का बहाना मिल जाए।
गालिबाफ ने आगे कहा कि ईरान किसी भी धमकी के दबाव में बातचीत नहीं करेगा। पिछले 2 हफ्ते में ईरान जंग लड़ने के लिए नई तैयारी कर चुका है। इन दोनों नेताओं का यह बयान ऐसे समय में आया है जब अमेरिका और ईरान के बीच अस्थायी युद्धविराम बुधवार को खत्म होने वाला है।
पाकिस्तान जाने की तैयारी में ईरानी डेलिगेशन
ईरान का डेलिगेशन अमेरिका के साथ बातचीत के लिए पाकिस्तान जाने की तैयारी कर रहा है। न्यूयॉर्क टाइम्स ने दो ईरानी अधिकारियों के हवाले से बताया है कि यह डेलिगेशन आज इस्लामाबाद पहुंच सकता है। हालांकि इस बातचीत से पहले ईरानी संसद स्पीकर मोहम्मद बाकर गालिबाफ ने शर्त रखी है कि वह तभी शामिल होंगे, जब अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस भी मौजूद हों।
जेडी वेंस के मंगलवार को वॉशिंगटन से पाकिस्तान जा सकते हैं। उनके साथ विशेष दूत स्टीव विटकॉफ और ट्रम्प के दामाद जेरेड कुशनर भी होंगे।
युद्धविराम बुधवार शाम 8 बजे तक ही रहेगा : अमेरिका
आखिरी समय करीब: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा है कि ईरान के साथ युद्धविराम बुधवार शाम 8 बजे (अमेरिकी समय) तक ही रहेगा। उन्होंने यह भी कहा कि अगर उससे पहले कोई समझौता नहीं होता है, तो इसे आगे बढ़ाने की संभावना बहुत कम है।
दूसरे दौर की वार्ता: उपराष्ट्रपति जेडी वेंस और अमेरिका के बड़े अधिकारी मंगलवार को पाकिस्तान रवाना हो सकते हैं, जहां बातचीत का दूसरा दौर होने की संभावना है। इससे पहले ईरान के विदेश मंत्रालय ने कहा था कि बातचीत की कोई प्लानिंग नहीं है।
धीमी आवाजाही: सोमवार को होर्मुज स्ट्रेट से सिर्फ 16 जहाज गुजरे। मरीन ट्रैफिक डेटा के मुताबिक, सोमवार को 9 जहाज होर्मुज में दाखिल हुए, जिनमें 2 ईरानी झंडे वाले जहाज थे, जिनमें से एक तेल टैंकर था। वहीं 7 जहाज बाहर निकले, जिनमें एक ईरानी कार्गो जहाज शामिल था।
लेबनान-इजराइल वार्ता: इजराइल और लेबनान के बीच बातचीत का दूसरा दौर 23 अप्रैल को तय किया गया है। इससे पहले 16 अप्रैल को दोनों देशों की बातचीत हुई थी जिसमें दोनों देशों ने 10 दिनों के लिए सीजफायर पर सहमति जताई थी।
ईरानी जहाज सीज: अमेरिका ने होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने की कोशिश कर रहे टूस्का नाम के एक ईरानी जहाज को पकड़ लिया। यह चीन से लौट रहा था। ईरान ने इस पर नाराजगी जताई और अंजाम भुगतने की चेतावनी दी।
अमेरिका ने होर्मुज से 27 जहाज वापस लौटाए
जब से ईरानी बंदरगाहों और तटीय इलाकों में आने-जाने वाले जहाजों पर नाकेबंदी शुरू हुई है, तब से अमेरिकी फोर्स ने 27 जहाजों को वापस लौटने या ईरानी बंदरगाह पर जाने के लिए मजबूर किया है। यह जानकारी यूएस सेंट्रल कमांड ने दी है।
ट्रम्प बोले- भरोसा है ईरान बातचीत को तैयार हो जाएगा
ट्रम्प ने सोमवार को कहा कि ईरान जल्द बातचीत करने वाला है। CNN के मुताबिक एक रेडियो शो के फोन इंटरव्यू में उन्होंने यकीन जताया कि ईरान बातचीत को तैयार हो जाएगा। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर ऐसा नहीं होता है तो इसकी गंभीर नतीजे होंगे।
ट्रम्प ने कहा, “वे बातचीत करेंगे, और अगर नहीं करेंगे तो उन्हें ऐसी समस्याओं का सामना करना पड़ेगा जैसा उन्होंने पहले कभी नहीं देखा।”
ट्रम्प ने ईरान में सैन्य कार्रवाई का बचाव करते हुए कहा कि उनके पास इसके अलावा कोई और विकल्प नहीं था। उन्होंने कहा, “हमने बहुत अच्छा काम किया है, हम इसे खत्म कर देंगे और आखिर में सब खुश होंगे।”
ट्रम्प बोले- ईरान से समझौता होने तक नाकेबंदी जारी रहेगी
अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रम्प ने कहा है कि अमेरिका तब तक ईरान के बंदरगाहों पर लगी नाकेबंदी नहीं हटाएगा, जब तक तेहरान के साथ कोई समझौता नहीं हो जाता। ट्रम्प ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर लिखा कि यह नाकेबंदी, जो एक हफ्ते पहले शुरू हुई थी, ईरान को पूरी तरह तबाह कर रही है। उन्होंने यह भी कहा कि इस संघर्ष में अमेरिका बहुत आगे है। उनका यह बयान ऐसे समय में आया है जब अमेरिका और ईरान के बीच अस्थायी युद्धविराम बुधवार को खत्म होने वाला है।
पाकिस्तान बोला- US-अमेरिका की बातचीत के लिए तैयार
पाकिस्तान के अधिकारियों ने कहा है कि वे इस हफ्ते के अंत में अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत के दूसरे दौर की मेजबानी की तैयारी कर रहे हैं। पाकिस्तान के गृह मंत्री मोहसिन नकवी ने कहा कि विदेशी प्रतिनिधिमंडलों की सुरक्षा के लिए “पूरी तरह पुख्ता इंतजाम” किए गए हैं। यह ईरान के लिए एक बड़ी चिंता का विषय है, क्योंकि उसके कई अधिकारी पहले ही ईरान में अमेरिका और इजराइल के हमलों में मारे जा चुके हैं। इस्लामाबाद के सेरेना होटल, जहां इस महीने की शुरुआत में पहले दौर की बातचीत हुई थी, उसे खाली करा दिया गया है। इसके अलावा शहर में हजारों अतिरिक्त सुरक्षाकर्मी तैनात किए गए हैं।
ट्रम्प के ऐलान से पहले दांव लगाकर करोड़ों कमाए
अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रम्प के दूसरे कार्यकाल के दौरान एक दिलचस्प और विवादित ट्रेंड देखने को मिला है। कई ट्रेडर्स (शेयर बाजार में दांव लगाने वाले लोग) बड़े ऐलान से ठीक पहले करोड़ों डॉलर के दांव लगाते दिखे हैं। BBC ने अलग-अलग फाइनेंशियल मार्केट के ट्रेड डेटा का विश्लेषण किया और उसे ट्रम्प के बड़े बयानों और घोषणाओं के समय से मिलाया। इसमें एक पैटर्न सामने आया कि कई बार उनके बयान आने से कुछ घंटे या मिनट पहले ही ट्रेडिंग में अचानक तेज उछाल दिखा।
कुछ एक्सपर्ट का मानना है कि यह इनसाइडर ट्रेडिंग का मामला हो सकता है। यानी सूचनाएं पहले ही लीक हो रही थीं, जिससे आम निवेशकों के भरोसे के साथ खिलवाड़ हो रहा है। वहीं कुछ अन्य विशेषज्ञ कहते हैं कि मामला इतना सीधा नहीं है। कुछ ट्रेडर्स अब ट्रम्प के फैसलों और बयानों को पहले से भांपने में माहिर हो गए हैं।