कोलकाता। पश्चिम बंगाल विधानसभा में एक ओर जहां 9 मई को शपथ ग्रहण की तैयारी चल रही थी, वहीं बंगाल के नेता प्रतिपक्ष बीजेपी नेता सुवेंदु अधिकारी के निजी सहायक (पीए) चंद्रनाथ रथ की उत्तर 24 परगना जिले में 6 मई की रात लगभग सवा 10 बजे सरेआम गोली मारकर हत्या कर दी गई। हत्या के समय चंद्रनाथ अपने घर से महज 200 मीटर की दूरी पर थे। वहीं तमिलनाडु की राजनीति में इन दिनों टीवीके को लेकर हलचल तेज हो गई है. पार्टी के भीतर चल रही खींचतान और लगातार सामने आ रहे बयानों ने सियासी माहौल को गर्म कर दिया है। हाल के घटनाक्रमों ने यह साफ कर दिया है कि टीवीके अभी भी अपने संगठन को पूरी तरह स्थिर नहीं कर पाई है। विपक्षी दल भी इस पूरे घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए हैं और टीवीके पर निशाना साध रहे हैं। वहीं बिहार में आज कैबिनेट विस्तार होना है।
चंद्रनाथ रथ की हत्या वाले घटनास्थल से थाना महज डेढ़ किमी दूर था
चंद्रनाथ रथ की हत्या जिस जगह हुई, वहां से थाना सिर्फ करीब डेढ़ किलोमीटर दूर था। इतनी कम दूरी पर पुलिस की मौजूदगी के बावजूद अब तक हत्यारों का कोई सुराग न मिलना कई गंभीर सवाल खड़े कर रहा है। स्थानीय लोगों के बीच भी इस बात को लेकर नाराज़गी और चिंता है कि आखिर वारदात के इतने समय बाद भी आरोपी पुलिस की पकड़ से बाहर कैसे हैं।
चंद्रनाथ रथ की हत्या के पीछे पाकिस्तान और बांग्लादेश कनेक्शन से इनकार नहीं
सुवेंदु अधिकारी के निजी सहायक की हत्या के बाद परत दर परत राज खुलते हुए दिखाई दे रहे हैं। इस हत्याकांड में पाकिस्तान और बांग्लादेश कनेक्शन भी हो सकता है. चंद्रनाथ रथ को 6 मई की रात लगभग सवा दस बजे तीन हमलावरों ने चार गोलियां मारी थी। उनकी स्कॉर्पियों पर हमलावरों ने कुल 10 राउंड गोलियां चलाई थीं। बंगाल विधानसभा चुनाव के परिणाम आने के बाद से ही लगातार बंगाल में हिंसा हो रही है।
चंद्रनाथ रथ की हत्या को लेकर बीजेपी नेता अर्जुन सिंह ने अभिषेक बनर्जी पर लगाए आरोप
सुवेंदु अधिकारी के निजी सहायक की हत्या के बाद राज्य में आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है। इस मामले को लेकर बीजेपी ने सीधे तृणमूल कांग्रेस नेतृत्व पर निशाना साधा है। बीजेपी नेता अर्जुन सिंह ने बेहद गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि यह कोई सामान्य वारदात नहीं, बल्कि पूरी तरह सुनियोजित हत्या है। उन्होंने दावा किया कि इसके पीछे तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी का हाथ है. अर्जुन सिंह के मुताबिक, इस घटना के जरिए बीजेपी नेताओं और कार्यकर्ताओं को डराने की कोशिश की जा रही है।
चंद्रनाथ रथ ही हत्या वाले घटना स्थल से कारतूस के जिंदा खोखे बरामद हुए
डीजीपी के मुताबिक, घटनास्थल से जिंदा कारतूस और फायर किए गए खोखे भी बरामद हुए हैं. फॉरेंसिक टीम इन सबूतों की जांच कर रही है ताकि हमलावरों तक पहुंचा जा सके। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज भी खंगाल रही है और प्रत्यक्षदर्शियों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। फिलहाल पुलिस इस बात की पड़ताल कर रही है कि हत्या के पीछे व्यक्तिगत रंजिश, राजनीतिक दुश्मनी या कोई अन्य साजिश थी. अधिकारियों का कहना है कि हर पहलू को ध्यान में रखकर जांच आगे बढ़ाई जा रही है और जल्द ही मामले में बड़े खुलासे हो सकते हैं।
चंद्रनाथ रथ की हत्या में फर्जी नंबर वाली कार का इस्तेमालः पुलिस
पश्चिम बंगाल के मध्यमग्राम में बीजेपी नेता और विधानसभा में विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी के निजी सहायक चंद्रा की हत्या के मामले ने राज्य की राजनीति और पुलिस प्रशासन दोनों को हिला दिया है। घटना के बाद पुलिस ने तेजी से जांच शुरू कर दी है और कई अहम सुराग जुटाने का दावा किया है। राज्य के डीजीपी सिद्ध नाथ गुप्ता ने बताया कि वारदात में इस्तेमाल की गई चार पहिया गाड़ी को पुलिस ने जब्त कर लिया है। हालांकि शुरुआती जांच में यह पता चला है कि कार पर लगी नंबर प्लेट फर्जी थी और उसके साथ छेड़छाड़ भी की गई थी. इससे साफ संकेत मिल रहे हैं कि आरोपियों ने पहचान छिपाने के लिए पहले से पूरी तैयारी कर रखी थी।
‘यह प्री-प्लान्ड मर्डर’, पीए चंद्रनाथ रथ की हत्या पर बोले सुवेंदु अधिकारी
पश्चिम बंगाल की राजनीति एक बार फिर हिंसा और तनाव के साये में आ गई है। बीजेपी नेता और विधानसभा में विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी के पीए चंद्रनाथ रथ की हत्या ने राज्य की सियासत को गर्मा दिया है। इस घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए सुवेंदु अधिकारी ने इसे ‘सुनियोजित हत्या’ करार दिया और राज्य की कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाए। सुवेंदु अधिकारी ने कहा कि शुरुआती जांच से साफ संकेत मिल रहे हैं कि हत्या अचानक नहीं हुई, बल्कि पूरी प्लानिंग के साथ अंजाम दी गई। उनके मुताबिक, हमलावरों ने घटना से पहले 2 से 3 दिनों तक रेकी की और फिर वारदात को अंजाम दिया. उन्होंने दावा किया कि राज्य के डीजीपी ने भी इसे योजनाबद्ध हत्या माना है।