सिलीगुड़ी। मुख्यमंत्री बनने के बाद शुभेंदु अधिकारी आज पहली बार दार्जिलिंग पर्वतीय क्षेत्र के दौरे पर पहुंच रहे हैं। उनके इस दौरे को प्रशासनिक और राजनीतिक दोनों दृष्टिकोणों से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। मुख्यमंत्री कर्सियांग में आयोजित जनकल्याण शिविर में भाग लेंगे और विभिन्न सरकारी योजनाओं के लाभार्थियों को सहायता एवं सुविधाएं वितरित करेंगे।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, मुख्यमंत्री सुबह कोलकाता से रवाना होकर बागडोगरा हवाई अड्डे पहुंचेंगे। वहां से वे सड़क मार्ग अथवा भारतीय वायुसेना के विशेष हेलीकॉप्टर के जरिए कर्सियांग जाएंगे। हालांकि मौसम की स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने दोनों विकल्पों की तैयारी कर रखी है।
पर्वतीय क्षेत्रों में मौसम तेजी से बदलता
दार्जिलिंग जिला प्रशासन के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि पर्वतीय क्षेत्रों में मौसम तेजी से बदलता है। यदि मौसम अनुकूल नहीं रहा तो हेलीकॉप्टर सेवा प्रभावित हो सकती है। इसी कारण सड़क मार्ग से यात्रा की भी वैकल्पिक व्यवस्था की गई है ताकि कार्यक्रम निर्धारित समय पर संपन्न हो सकें।
गोएथल्स मेमोरियल स्कूल में है आयोजित जनकल्याण शिविर
मुख्यमंत्री का पहला कार्यक्रम कर्सियांग स्थित गोएथल्स मेमोरियल स्कूल में आयोजित जनकल्याण शिविर होगा। इस दौरान वे विभिन्न सामाजिक और विकासात्मक योजनाओं के लाभार्थियों को सरकारी सहायता प्रदान करेंगे। प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार, शिविर में बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिकों के शामिल होने की संभावना है।
मुख्यमंत्री एक राजनीतिक कार्यक्रम में भी भाग लेंगे
सरकारी कार्यक्रम के बाद मुख्यमंत्री एक राजनीतिक कार्यक्रम में भी भाग लेंगे। इस कार्यक्रम में भाजपा के पर्वतीय क्षेत्र के प्रमुख नेताओं और जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति की संभावना है। दार्जिलिंग, कर्सियांग और कालिम्पोंग के भाजपा विधायक भी इस अवसर पर मौजूद रह सकते हैं। राजनीतिक हलकों में मुख्यमंत्री के इस दौरे को आगामी चुनावी रणनीति और पर्वतीय क्षेत्र में पार्टी संगठन को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
सिलीगुड़ी के विधायक और राज्य के पर्यटन मंत्री शंकर घोष शामिल नहीं होंगे
हालांकि मुख्यमंत्री के इस दौरे में सिलीगुड़ी के विधायक और राज्य के पर्यटन मंत्री शंकर घोष शामिल नहीं होंगे। उन्होंने बताया कि 18 जून से विधानसभा का सत्र शुरू होने जा रहा है। संसदीय कार्य मंत्री होने के नाते उन्हें सत्र की तैयारियों और विभिन्न महत्वपूर्ण बैठकों में भाग लेने के लिए कोलकाता में रहना आवश्यक है। इसी कारण वे आज ही कोलकाता रवाना हो जाएंगे।
मुख्यमंत्री के दौरे को लेकर कर्सियांग और आसपास के क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। जिला प्रशासन, पुलिस और अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी कार्यक्रम स्थलों पर लगातार निगरानी बनाए हुए हैं। यातायात व्यवस्था को सुचारु रखने तथा आम लोगों को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए विशेष इंतजाम किए गए हैं।
मुख्यमंत्री के शाम तक कोलकाता लौटने की संभावना है
सभी निर्धारित कार्यक्रमों के पूरा होने के बाद मुख्यमंत्री के शाम तक कोलकाता लौटने की संभावना है। मुख्यमंत्री का यह दौरा पर्वतीय क्षेत्र में विकास कार्यों की समीक्षा, जनसंपर्क बढ़ाने और राजनीतिक गतिविधियों को गति देने के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।