डेस्क। 15 साल के युवा बल्लेबाज़ वैभव सूर्यवंशी के इंटरनेशनल डेब्यू का बेसब्री से इंतजार कर रहे फैंस को अभी तक उनकी विस्फोटक बल्लेबाज़ी देखने को नहीं मिली है। इंग्लैंड के खिलाफ टी20 सीरीज के दूसरे मुकाबले में संजू सैमसन को बाहर कर वैभव को प्लेइंग-11 में मौका दिया गया, लेकिन वह अपने पहले दो मुकाबलों में बड़ी पारी खेलने में नाकाम रहे। डेब्यू मैच में वैभव ने सिर्फ 14 रन बनाए, जबकि दूसरे मुकाबले में भी उनका बल्ला नहीं चला और वह 13 रन बनाकर पवेलियन लौट गए। लगातार दो छोटी पारियों के बाद सवाल उठने लगे हैं कि क्या उन्हें अगले मैच से बाहर किया जाएगा या टीम मैनेजमेंट उन पर भरोसा बनाए रखेगा।
फ्लॉप प्रदर्शन के बाद भी क्यों नहीं कटेगा वैभव का पत्ता?
सूत्रों के मुताबिक भारतीय टीम मैनेजमेंट का वैभव सूर्यवंशी पर पूरा भरोसा है। चयनकर्ताओं की योजना उन्हें लंबा मौका देने की है ताकि वह अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के माहौल में खुद को ढाल सकें। यही वजह है कि टीम ने अनुभवी बल्लेबाज़ संजू सैमसन को बाहर बैठाकर युवा खिलाड़ी पर दांव लगाया है। रिपोर्ट्स में पहले भी दावा किया गया था कि वैभव को लगातार मौके दिए जाएंगे और इसके लिए अभिषेक शर्मा, ईशान किशन या संजू सैमसन में से किसी एक को प्लेइंग-11 से बाहर होना पड़ सकता है। फिलहाल यह फैसला संजू सैमसन के खिलाफ गया है।
अब बल्ले से देना होगा जवाब
हालांकि टीम मैनेजमेंट का भरोसा अपनी जगह है, लेकिन वैभव सूर्यवंशी को अब अपने प्रदर्शन से उस विश्वास को सही साबित करना होगा। 15 साल की उम्र में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट का दबाव आसान नहीं होता, लेकिन उनसे बड़ी पारियों की उम्मीद की जा रही है। वैभव ने हाल ही में आईपीएल 2026 में शानदार बल्लेबाज़ी करते हुए अपनी टीम को प्लेऑफ तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई थी। इसके अलावा ट्राई सीरीज के फाइनल में उनकी 94 रन की तूफानी पारी ने भी खूब सुर्खियां बटोरी थीं। अब भारतीय फैंस को उम्मीद है कि वही आक्रामक अंदाज़ जल्द इंटरनेशनल क्रिकेट में भी देखने को मिलेगा।
11 जुलाई पर टिकी निगाहें
भारत और इंग्लैंड के बीच टी20 सीरीज का अगला मुकाबला 11 जुलाई को खेला जाएगा। अब सभी की नजरें इस बात पर होंगी कि वैभव सूर्यवंशी इस मौके को भुनाकर आलोचकों को करारा जवाब देते हैं या फिर उनकी मुश्किलें और बढ़ जाती हैं।