डेस्क। बॉलीवुड सुपरस्टार आमिर खान अपनी फिल्मों के साथ-साथ निजी जिंदगी को लेकर भी अक्सर चर्चा में रहते हैं। इस बार उनकी सुर्खियों की वजह बनी है उनकी तीसरी शादी। साल 2025 में अपने जन्मदिन पर आमिर ने गौरी स्प्रैट के साथ अपने रिश्ते को सार्वजनिक किया था। इसके बाद 5 जुलाई 2026 को दोनों ने शादी कर ली। शादी की खबर सामने आते ही सोशल मीडिया पर एक सवाल तेजी से वायरल होने लगा कि आखिर आमिर खान ने अपनी तीनों शादियां किस रीति-रिवाज से कीं? दिलचस्प बात यह है कि रीना दत्ता, किरण राव और अब गौरी स्प्रैट—तीनों के साथ आमिर ने भव्य धार्मिक समारोहों की बजाय सादगी और कानूनी प्रक्रिया को प्राथमिकता दी। उनकी तीनों शादियां रजिस्टर्ड मैरिज के जरिए हुईं। इसी वजह से एक बार फिर स्पेशल मैरिज एक्ट, 1954 चर्चा का विषय बन गया।
पहली शादी: परिवार की नाराजगी के बीच रीना दत्ता से कोर्ट मैरिज
आमिर खान ने वर्ष 1986 में रीना दत्ता से शादी की थी। उस समय दोनों के परिवार इस रिश्ते के पक्ष में नहीं थे। ऐसे में दोनों ने पहले कोर्ट मैरिज कर कानूनी रूप से विवाह किया। बाद में परिवारों की सहमति मिलने के बाद रिश्ते को स्वीकार कर लिया गया। उस दौर में आमिर अपने फिल्मी करियर की शुरुआत कर रहे थे और यह शादी लंबे समय तक चर्चा में रही। करीब 16 साल साथ रहने के बाद वर्ष 2002 में दोनों का तलाक हो गया।
दूसरी शादी: किरण राव संग सादगी से निभाई नई शुरुआत
रीना दत्ता से अलग होने के बाद आमिर खान ने 28 दिसंबर 2005 को फिल्ममेकर किरण राव से शादी की। दोनों की मुलाकात फिल्म लगान के दौरान हुई थी और दोस्ती धीरे-धीरे रिश्ते में बदल गई। आमिर और किरण ने भी रजिस्टर्ड मैरिज का रास्ता चुना। इसके बाद परिवार और करीबी दोस्तों की मौजूदगी में एक छोटा-सा निजी समारोह आयोजित किया गया। इस शादी में भी किसी बड़े धार्मिक आयोजन की बजाय निजी और सादगीपूर्ण समारोह को प्राथमिकता दी गई। वर्ष 2021 में दोनों ने आपसी सहमति से तलाक ले लिया।
तीसरी शादी: गौरी स्प्रैट के साथ फिर अपनाया वही तरीका
करीब दो दशक बाद आमिर खान ने अपनी जिंदगी की नई शुरुआत गौरी स्प्रैट के साथ की। 5 जुलाई 2026 को दोनों ने स्पेशल मैरिज एक्ट, 1954 के तहत अपनी शादी रजिस्टर कराई। इसके बाद मुंबई स्थित आमिर खान के घर पर परिवार और करीबी दोस्तों की मौजूदगी में एक निजी समारोह आयोजित किया गया। इस बार भी शादी पूरी तरह सादगीपूर्ण रही और इसमें सिर्फ चुनिंदा लोग ही शामिल हुए।
तीनों शादियों में क्या रही सबसे बड़ी समानता?
अगर आमिर खान की तीनों शादियों पर नजर डालें तो एक बात साफ दिखाई देती है—
- तीनों बार रजिस्टर्ड मैरिज को प्राथमिकता दी गई।
- किसी भी शादी में भव्य धार्मिक आयोजन नहीं हुआ।
- समारोह सीमित लोगों की मौजूदगी में निजी तरीके से आयोजित किए गए।
- तीनों पत्नियों ने शादी के लिए अपना धर्म नहीं बदला।
यही वजह है कि आमिर खान की शादी का तरीका हर बार चर्चा का विषय बनता रहा है।
क्या है स्पेशल मैरिज एक्ट, 1954?
स्पेशल मैरिज एक्ट, 1954 भारत का ऐसा कानून है, जिसके तहत दो बालिग बिना धर्म परिवर्तन किए कानूनी रूप से शादी कर सकते हैं। यह कानून अलग-अलग धर्म, जाति या समुदाय के लोगों के साथ-साथ उन लोगों पर भी लागू होता है, जो धार्मिक रीति-रिवाजों की बजाय कोर्ट मैरिज करना चाहते हैं।
स्पेशल मैरिज एक्ट की प्रमुख बातें
- लड़के की न्यूनतम उम्र 21 वर्ष और लड़की की 18 वर्ष होना जरूरी है।
- शादी से 30 दिन पहले मैरिज ऑफिसर को नोटिस देना होता है।
- यदि निर्धारित अवधि में कोई कानूनी आपत्ति नहीं आती, तो तीन गवाहों की मौजूदगी में विवाह रजिस्टर किया जाता है।
- इसके बाद दंपति को कानूनी रूप से मैरिज सर्टिफिकेट जारी किया जाता है।
यही कानूनी प्रक्रिया आमिर खान ने अपनी तीनों शादियों में अपनाई, जिसके कारण उनकी शादी एक बार फिर चर्चा का विषय बन गई।