जम्मू। पवित्र श्री अमरनाथ यात्रा का शुभारंभ हो गया है। गुरुवार तड़के हजारों शिवभक्तों का पहला जत्था बाबा बर्फानी के दर्शन के लिए जम्मू के भगवती नगर आधार शिविर से कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच बालटाल और पहलगाम मार्गों के लिए रवाना हुआ। पूरे परिसर में “हर-हर महादेव”, “बम-बम भोले” और “चलो बुलावा आया है, बाबा बर्फानी ने बुलाया है” के जयघोष गूंजते रहे। देशभर से बड़ी संख्या में पहुंचे श्रद्धालुओं में यात्रा को लेकर जबरदस्त उत्साह देखने को मिला। इस वर्ष भी लाखों श्रद्धालुओं ने अमरनाथ यात्रा के लिए पंजीकरण कराया है।
उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने दिखाई हरी झंडी
यात्रा की शुरुआत से पहले जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने विधिवत पूजा-अर्चना की और सुबह करीब चार बजे पहले जत्थे को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस दौरान उनके साथ मुख्य सचिव अटल डुल्लू समेत प्रशासन और पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे। उपराज्यपाल ने यात्रा व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया और सुरक्षा, स्वास्थ्य सेवाओं, पंजीकरण, पेयजल, स्वच्छता, यातायात और लंगर सहित सभी व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने श्रद्धालुओं से बातचीत कर सुविधाओं के बारे में भी जानकारी ली।
बेस कैंपों पर उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब
अमरनाथ यात्रा शुरू होने से पहले ही जम्मू, श्रीनगर, बालटाल और पहलगाम स्थित आधार शिविरों पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ पहुंच चुकी थी। भगवती नगर यात्री निवास में बुधवार देर शाम तक सात हजार से अधिक श्रद्धालु ठहर चुके थे। वहीं, श्रीनगर के पंथाचौक, बालटाल और पहलगाम के नुनवान बेस कैंपों में भी करीब पांच-पांच हजार श्रद्धालु पहुंच चुके थे, जिन्हें गुरुवार को यात्रा के लिए रवाना कर दिया गया।
यात्रियों के लिए व्यापक इंतजाम
प्रशासन ने श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं पूरी कर ली हैं। आधार शिविरों में प्रतिदिन भजन-कीर्तन, शिव आरती और विशाल लंगरों का आयोजन किया जा रहा है।
इसके अलावा—
- बालटाल और पहलगाम में टेंट सिटी तैयार कर दी गई है।
- विभिन्न सामाजिक और धार्मिक संगठनों द्वारा लंगर पूरी तरह संचालित किए जा रहे हैं।
- श्रीनगर एयरपोर्ट से पंथाचौक तक यात्रियों की सहायता के लिए 131 सुविधा काउंटर स्थापित किए गए हैं।
- यात्रा में शामिल होने वाले श्रद्धालुओं के लिए 40 स्थानों पर तत्काल पंजीकरण केंद्र भी बनाए गए हैं।
सेना और सुरक्षा एजेंसियों का अभेद्य सुरक्षा घेरा
यात्रा को सुरक्षित और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए सेना, सीआरपीएफ, जम्मू-कश्मीर पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियों ने बहुस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था लागू की है। श्रद्धालुओं के काफिले की आवाजाही के दौरान राष्ट्रीय राजमार्ग से जुड़ने वाले कई मार्गों पर सामान्य यातायात को अस्थायी रूप से रोका गया, ताकि यात्रा बिना किसी बाधा के सुरक्षित रूप से आगे बढ़ सके।
यात्रा पर जाने वाले श्रद्धालु इन बातों का रखें विशेष ध्यान
यदि आप इस वर्ष अमरनाथ यात्रा पर जा रहे हैं, तो यात्रा को सुरक्षित और सुविधाजनक बनाने के लिए कुछ जरूरी बातों का ध्यान रखें।
अपने साथ जरूर रखें:
- अनिवार्य यात्रा पंजीकरण और परमिट
- वैध पहचान पत्र
- स्वास्थ्य प्रमाणपत्र
- गर्म कपड़े, रेनकोट और वाटरप्रूफ जूते
- आवश्यक दवाइयां और प्राथमिक उपचार सामग्री
- पानी की बोतल, सूखा नाश्ता और टॉर्च
इन वस्तुओं को साथ ले जाने से बचें:
- प्रतिबंधित या ज्वलनशील सामग्री
- अत्यधिक भारी सामान
- प्लास्टिक कचरा फैलाने वाली वस्तुएं
- सुरक्षा नियमों के विरुद्ध कोई भी सामान
श्रद्धालुओं में उत्साह, प्रशासन ने जारी की अपील
प्रशासन ने सभी श्रद्धालुओं से यात्रा के दौरान निर्धारित दिशा-निर्देशों का पालन करने, मौसम की जानकारी पर नजर रखने और सुरक्षा एजेंसियों के निर्देशों का पूरी तरह पालन करने की अपील की है। अधिकारियों का कहना है कि सभी व्यवस्थाएं श्रद्धालुओं की सुरक्षित, सुगम और सफल यात्रा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से की गई हैं।