बेंगलुरु। कर्नाटक के तुमकुरु जिले में नेशनल हाईवे पर दौड़ रही एक कैब में हुए जोरदार धमाके ने सभी को हैरान कर दिया। आग की लपटों में घिरी कार से एक व्यक्ति का जला हुआ शव मिला, जबकि एक महिला और कैब चालक समय रहते बाहर निकलकर अपनी जान बचाने में सफल रहे। शुरुआती जांच में सामने आया है कि विस्फोट में मारा गया शख्स खुद इस पूरी घटना का मुख्य आरोपी था।
शादी से इनकार के बाद बढ़ा विवाद
मृतक नागेंद्र और राम्या पिछले छह वर्षों से रिश्ते में थे। पुलिस के अनुसार, नागेंद्र लगातार राम्या पर शादी का दबाव बना रहा था, लेकिन उसने विवाह से इनकार कर दिया। पिछले छह महीनों से राम्या ने उससे दूरी बना ली थी और उसका फोन नंबर भी ब्लॉक कर दिया था।
चाकू की नोक पर कार में बैठाया
शनिवार सुबह नागेंद्र बेंगलुरु के जयनगर स्थित राम्या के किराए के घर पहुंचा। दोनों के बीच तीखी बहस हुई। पुलिस के मुताबिक, नागेंद्र ने चाकू दिखाकर राम्या को धमकाया और जबरन अपने साथ चलने के लिए मजबूर किया। इसके बाद उसने अंकोला जाने के लिए एक कैब बुक की और राम्या को उसमें बैठाकर निकल गया।
रूममेट की शिकायत से हरकत में आई पुलिस
राम्या की रूममेट नयना ने पूरी घटना देखने के बाद तुरंत पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। सीसीटीवी फुटेज की मदद से पुलिस ने कैब का पता लगाया और चालक प्रवीण से संपर्क किया। पुलिस ने उसे नजदीकी थाने पहुंचने के निर्देश दिए क्योंकि उन्हें अपहरण की आशंका थी।
एक कॉल ने बदल दिया पूरा घटनाक्रम
यात्रा के दौरान नागेंद्र ने ड्राइवर और पुलिस के बीच हो रही बातचीत सुन ली। उसे पता चल गया कि उसके खिलाफ शिकायत दर्ज हो चुकी है। इसके बाद वह बुरी तरह भड़क गया। पुलिस के अनुसार, उसने राम्या से कहा, “चलो, साथ मरते हैं।” फिर उसने चाकू से उस पर हमला कर दिया। हमले के दौरान ड्राइवर ने तुरंत गाड़ी रोक दी। मौका मिलते ही राम्या और चालक बाहर निकलकर भाग गए। कुछ ही क्षण बाद कार के भीतर जोरदार धमाका हुआ और वाहन आग की लपटों में घिर गया। इस विस्फोट में नागेंद्र की मौके पर ही मौत हो गई।
विस्फोटक कहां से आया? जांच जारी
घायल राम्या का अस्पताल में इलाज चल रहा है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि नागेंद्र के पास विस्फोटक कैसे पहुंचा और उसने उसका इंतजाम कहां से किया। मामले की हर कड़ी की गहन जांच की जा रही है।