वेल्लोर। तमिलनाडु के वेल्लोर जिले के थिरुवलम इलाके के मंजुकृष्णपुरम में एक बड़ा हादसा हो गया है, जहां निर्माणाधीन सीएसआई जायन हिल चर्च की छत अचानक भरभराकर गिर गई। इस दर्दनाक हादसे में तीन मजदूरों की मौत हो गई, जबकि 14 अन्य घायल हो गए हैं। घटना के बाद मौके पर भारी अफरा-तफरी मच गई।
कैसे हुआ हादसा?
बताया गया कि गुरुवार शाम करीब 4:30 बजे चर्च की छत पर कंक्रीट डालने का काम चल रहा था। इसी दौरान अचानक निर्माणाधीन ढांचा भरभराकर गिर गया, जिससे कई मजदूर मलबे में दब गए। सूचना मिलते ही थिरुवलम पुलिस और काटपाडी अग्निशमन एवं बचाव सेवा की टीम तुरंत मौके पर पहुंची और राहत-बचाव कार्य शुरू किया।
मृतकों की पहचान और घायलों का इलाज
हादसे में जान गंवाने वाले तीनों मजदूरों की पहचान इस प्रकार है:
- जॉन (39): बेंगलुरु के भवन निर्माण ठेकेदार
- इमैनुअल (45): आंध्र प्रदेश के रहने वाले (अस्पताल ले जाते समय मौत)
- सैमुअल (45): आंध्र प्रदेश के रहने वाले (मलबे से शव बरामद)
घायलों में से चार गंभीर मजदूरों को अडुक्कम्पराई स्थित सरकारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल और वेल्लोर के सीएमसी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जबकि करीब 10 अन्य मजदूरों को मामूली चोटें आई हैं।
NDRF और खोजी कुत्तों की मदद से रेस्क्यू
मलबे में अन्य मजदूरों के फंसे होने की आशंका के चलते बचाव अभियान देर शाम तक जारी रहा। इसके लिए NDRF की 30 सदस्यीय टीम को मौके पर तैनात किया गया और अरक्कोनम यूनिट के चार खोजी कुत्तों की भी मदद ली गई। आंध्र प्रदेश की सीमा पास होने के कारण वहां की पुलिस टीम ने भी राहत कार्य में पूरा सहयोग किया।
बिरयानी खाने गए मजदूरों की बची जान
सूत्रों के अनुसार, कंक्रीट डालने के काम के दौरान कई मजदूर इमारत से बाहर जाकर पास में परोसी जा रही बिरयानी खाने चले गए थे। हादसे के वक्त उनके भीतर मौजूद न होने के कारण उनकी जान बाल-बाल बच गई। माना जा रहा है कि अगर उस समय सभी मजदूर अंदर होते, तो जनहानि और भी अधिक हो सकती थी।
प्रशासन की कार्रवाई और जांच शुरू
वेल्लोर कलेक्टर पीएस लीला एलेक्स, रानीपेट पुलिस अधीक्षक पी सिबिन और कटपाडी विधायक डॉ. एम सुधाकर ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। कलेक्टर ने पुलिस को इमारत गिरने के कारणों की निष्पक्ष जांच करने के सख्त निर्देश दिए हैं। थिरुवलम पुलिस ने मामला दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।