कोलकाता। पश्चिम बंगाल में मानसून एक बार फिर सक्रिय हो गया है। मौसम विभाग ने मंगलवार को राज्य के कई हिस्सों में गरज-चमक के साथ बारिश और तेज हवाओं की चेतावनी जारी की है। कोलकाता समेत दक्षिण बंगाल के कई जिलों और उत्तर बंगाल के पहाड़ी इलाकों में अगले कुछ दिनों तक मौसम का मिजाज बदला रहने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार राज्य में 13 सितंबर तक बारिश और गरज-चमक की गतिविधियां जारी रह सकती हैं।
कोलकाता समेत दक्षिण बंगाल में आंधी-बारिश के आसार
अलीपुर स्थित क्षेत्रीय मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार मंगलवार को दक्षिण बंगाल के कई जिलों में गरज के साथ तेज बारिश हो सकती है। कोलकाता, हावड़ा, पश्चिम मेदिनीपुर, पूर्व बर्द्धमान, बांकुड़ा और बीरभूम समेत आसपास के इलाकों में बारिश के साथ तेज हवाएं चलने की संभावना है। कुछ स्थानों पर आकाशीय बिजली गिरने का खतरा भी बना रह सकता है। ऐसे में लोगों को खराब मौसम के दौरान खुले स्थानों पर जाने से बचने की सलाह दी गई है।
दिनभर छाए रहेंगे बादल, रुक-रुककर बारिश
कोलकाता और आसपास के इलाकों में मंगलवार को आसमान में बादल छाए रहने का अनुमान है। दिन के अलग-अलग समय पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। कुछ इलाकों में अचानक तेज बारिश होने की भी संभावना है। बारिश के बावजूद शहर में उमस से पूरी तरह राहत मिलने की संभावना कम है। मौसम विभाग ने कोलकाता में अधिकतम तापमान करीब 35 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान लगभग 28 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान जताया है।
उत्तर बंगाल में भारी बारिश का असर
उत्तर बंगाल के दार्जिलिंग, कालिम्पोंग, जलपाईगुड़ी, कूचबिहार और अलीपुरद्वार जिलों में भी बारिश का प्रभाव अधिक रहने की संभावना है। विशेष रूप से पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार या तेज बारिश होने पर सड़क यातायात प्रभावित हो सकता है। भारी बारिश के कारण पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन का खतरा बढ़ सकता है, जबकि निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति उत्पन्न होने की आशंका है।
13 सितंबर तक सक्रिय रह सकता है मानसून
मौसम विभाग के मुताबिक पश्चिम बंगाल में अगले कई दिनों तक मानसूनी गतिविधियां बनी रहने की संभावना है। 13 सितंबर तक राज्य के विभिन्न हिस्सों में बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं का दौर देखने को मिल सकता है। मौसम में लगातार बदलाव को देखते हुए स्थानीय प्रशासन और लोगों को मौसम विभाग के पूर्वानुमान पर नजर रखने की सलाह दी गई है।
खराब मौसम में बरतें सावधानी
आंधी और बिजली चमकने के दौरान लोगों को खुले मैदान, पेड़, बिजली के खंभों और कमजोर संरचनाओं के पास खड़े होने से बचना चाहिए। तेज बारिश के दौरान जलभराव वाले रास्तों से गुजरने में भी सावधानी बरतने की जरूरत है। पहाड़ी क्षेत्रों में रहने वाले लोगों और यात्रियों को भूस्खलन की आशंका वाले मार्गों पर विशेष सतर्कता बरतनी चाहिए।